We are here to assist you.
Health Advisor
+91-8877772277Available 7 days a week
10:00 AM – 6:00 PM to support you with urgent concerns and guide you toward the right care.
Join our healthcare community
COVID-19 और कब्ज का क्या संबंध है? जानें कि यह असामान्य लक्षण क्यों हो सकता है, इसके कारण क्या हैं, और राहत पाने के लिए क्या करें।
नमस्ते! आज हम एक ऐसे विषय पर बात करने जा रहे हैं जो हाल के वर्षों में बहुत चर्चा में रहा है - COVID-19। जब हम COVID-19 के बारे में सोचते हैं, तो हमारे दिमाग में सबसे पहले बुखार, खांसी, सांस लेने में तकलीफ जैसे लक्षण आते हैं। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि क्या COVID-19 का कब्ज से भी कोई संबंध हो सकता है? यह थोड़ा असामान्य लग सकता है, लेकिन चिकित्सा जगत में ऐसे मामले सामने आए हैं जहाँ COVID-19 के रोगियों को कब्ज का अनुभव हुआ है। आइए, इस जटिल संबंध को विस्तार से समझते हैं।
COVID-19, जिसे हम SARS-CoV-2 वायरस के कारण होने वाली श्वसन संबंधी बीमारी के रूप में जानते हैं, ने दुनिया भर में लाखों लोगों को प्रभावित किया है। अधिकांश लोगों में इसके हल्के से मध्यम लक्षण दिखाई देते हैं, लेकिन कुछ, विशेष रूप से पहले से मौजूद स्वास्थ्य समस्याओं वाले लोग, गंभीर रूप से बीमार पड़ सकते हैं। यह समझना महत्वपूर्ण है कि यह बीमारी सिर्फ फेफड़ों तक ही सीमित नहीं है; यह शरीर के अन्य प्रणालियों को भी प्रभावित कर सकती है, जिसमें हमारी पाचन तंत्र भी शामिल है।
यह सच है कि कब्ज COVID-19 का एक सामान्य या मुख्य लक्षण नहीं है। जब हम COVID-19 के बारे में सोचते हैं, तो आमतौर पर पेट से जुड़ी समस्याएं हमारी सूची में सबसे ऊपर नहीं होतीं। हालांकि, कुछ अध्ययनों और व्यक्तिगत मामलों ने संकेत दिया है कि COVID-19 के कुछ रोगियों में कब्ज विकसित हो सकता है। यह सीधे वायरस के प्रभाव के कारण हो सकता है, या फिर बीमारी के अप्रत्यक्ष परिणामों के कारण।
एक दिलचस्प मामला मई 2020 में प्रकाशित हुआ था, जिसमें एक COVID-19 पॉजिटिव व्यक्ति को अस्पताल में तेज बुखार, खांसी, मतली, कब्ज और पेट दर्द के साथ भर्ती कराया गया था। कंप्यूटर टोमोग्राफी (CT) स्कैन से पता चला कि उस व्यक्ति की आंतों की मांसपेशियां ठीक से काम नहीं कर रही थीं, जिसे कोलन इलियस (colonic ileus) कहा जाता है। यह स्थिति कब्ज का कारण बन सकती है।
एक और अध्ययन, जो फरवरी 2021 में सामने आया, में उन 11 COVID-19 रोगियों पर ध्यान केंद्रित किया गया जिन्हें अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (GI) लक्षण थे। इस समूह में से, तीन लोगों को कब्ज का अनुभव हुआ। यह दर्शाता है कि पाचन संबंधी समस्याएं COVID-19 के बाद भी बनी रह सकती हैं।
COVID-19 के इलाज के लिए उपयोग की जाने वाली कुछ दवाएं भी कब्ज का कारण बन सकती हैं। उदाहरण के लिए, 2021 के एक अध्ययन में, शोधकर्ताओं ने COVID-19 के संभावित उपचारों की जांच की और फमोटिडाइन (famotidine) और बेवाकिज़ुमैब (bevacizumab) जैसी दवाओं को कब्ज के दुष्प्रभाव के रूप में सूचीबद्ध किया। इसी तरह, मई 2020 के एक अन्य शोध में पाया गया कि एंटीवायरल दवा रेमडेसिविर (remdesivir) लेने वाले लगभग 14% लोगों में कब्ज विकसित हुआ। अन्य दवाएं जैसे लोपिनाविर (lopinavir), रिबाविरिन (ribavirin), और कुछ इम्यूनोमॉड्यूलेटरी दवाएं भी COVID-19 रोगियों में कब्ज पैदा कर सकती हैं।
हमारी आंतों में रहने वाले अरबों बैक्टीरिया, जिन्हें गट माइक्रोबायोटा (gut microbiota) कहा जाता है, हमारे पाचन स्वास्थ्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। COVID-19 संक्रमण आंतों के बैक्टीरिया के संतुलन को बिगाड़ सकता है। जब यह संतुलन बिगड़ता है, तो कब्ज सहित विभिन्न पाचन समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। फिकल माइक्रोबायोटा ट्रांसप्लांटेशन (fecal microbiota transplantation - FMT) जैसी प्रक्रियाओं, जिनमें स्वस्थ बैक्टीरिया को आंतों में स्थानांतरित किया जाता है, ने भी कब्ज वाले रोगियों में सुधार दिखाया है, जैसा कि ऊपर बताए गए अध्ययन में तीन रोगियों के मामले में देखा गया था।
यह याद रखना महत्वपूर्ण है कि COVID-19 के अलावा भी कई अन्य कारक हैं जो कब्ज का कारण बन सकते हैं, खासकर जब लोग बीमारी के कारण या सामान्य सावधानी के तौर पर घर पर अधिक समय बिता रहे हों:
जब हम कम सक्रिय होते हैं, तो हमारी आंतें मल को कुशलता से आगे नहीं बढ़ा पातीं। लंबे समय तक बैठे रहने से भी कोलन पर दबाव पड़ सकता है और कब्ज को बढ़ावा मिल सकता है। COVID-19 के दौरान, यात्रा प्रतिबंधों और सामाजिक दूरी के कारण लोगों की शारीरिक गतिविधि काफी कम हो गई, जिससे यह समस्या बढ़ी।
घर पर अधिक समय बिताने से अक्सर खाने की आदतों में बदलाव आता है। हो सकता है कि लोग प्रोसेस्ड फूड या कम फाइबर वाले खाद्य पदार्थों का अधिक सेवन करने लगें, या फिर अनियमित समय पर खाएं। फाइबर की कमी और हाइड्रेशन में कमी कब्ज के प्रमुख कारण हैं।
COVID-19 महामारी ने दुनिया भर में अभूतपूर्व स्तर का तनाव और चिंता पैदा की है। तनाव और चिंता का हमारी पाचन प्रणाली पर सीधा प्रभाव पड़ सकता है। यह आंतों की गतिशीलता को धीमा कर सकता है और कब्ज को बढ़ा सकता है, खासकर इरिटेबल बाउल सिंड्रोम (IBS) वाले लोगों में।
जैसा कि हमने पहले उल्लेख किया, COVID-19 के इलाज के लिए उपयोग की जाने वाली दवाएं कब्ज का कारण बन सकती हैं। इसके अलावा, यदि किसी व्यक्ति को COVID-19 के साथ कोई अन्य स्वास्थ्य समस्या है, तो उस समस्या के लिए ली जा रही दवाएं भी कब्ज में योगदान कर सकती हैं।
जबकि कब्ज एक संभावित, यद्यपि असामान्य, लक्षण हो सकता है, COVID-19 से जुड़े कुछ अधिक सामान्य पाचन संबंधी लक्षण भी हैं। इनमें शामिल हो सकते हैं:
यदि आपको COVID-19 है और आप इनमें से किसी भी लक्षण का अनुभव कर रहे हैं, तो अपने डॉक्टर से सलाह लेना महत्वपूर्ण है।
यदि आप COVID-19 से पीड़ित हैं या ठीक हो रहे हैं और कब्ज का अनुभव कर रहे हैं, तो कुछ सामान्य उपाय हैं जो मदद कर सकते हैं:
अधिकांश मामलों में, COVID-19 से संबंधित कब्ज अस्थायी होता है और घरेलू उपचार से ठीक हो जाता है। हालांकि, कुछ स्थितियां ऐसी होती हैं जब आपको तत्काल चिकित्सा सहायता लेनी चाहिए। यदि आप निम्नलिखित लक्षणों का अनुभव करते हैं, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें या आपातकालीन सेवाओं की मदद लें:
यदि आपको चिकित्सा आपातकाल नहीं है, तो कई क्लीनिक और डॉक्टर कार्यालय फोन या ऑनलाइन माध्यम से डॉक्टर से संवाद करने की सुविधा प्रदान करते हैं। इसका लाभ उठाएं।
संक्षेप में, जबकि कब्ज COVID-19 का एक मुख्य लक्षण नहीं है, यह निश्चित रूप से उन लोगों में हो सकता है जो इस वायरस से संक्रमित हैं। इसके कई कारण हो सकते हैं, जिनमें दवाओं का प्रभाव, आंतों के बैक्टीरिया में बदलाव, शारीरिक गतिविधि में कमी और बढ़ा हुआ तनाव शामिल है। यदि आप COVID-19 से पीड़ित हैं और कब्ज का अनुभव कर रहे हैं, तो घबराएं नहीं। ऊपर बताए गए उपायों को आजमाएं और यदि लक्षण गंभीर या लगातार बने रहते हैं, तो अपने डॉक्टर से सलाह लेने में संकोच न करें। आपकी सेहत सबसे महत्वपूर्ण है!
COVID-19 टीकों के सामान्य दुष्प्रभावों में बुखार, थकान, सिरदर्द और मांसपेशियों में दर्द शामिल हैं। हालांकि कुछ लोगों ने टीके के बाद पाचन संबंधी समस्याओं की सूचना दी है, लेकिन सीधे तौर पर टीके को कब्ज का कारण मानने के पुख्ता वैज्ञानिक प्रमाण नहीं हैं। यदि आप टीके के बाद कब्ज का अनुभव करते हैं, तो अन्य संभावित कारणों पर विचार करना महत्वपूर्ण है।
कुछ लोगों के लिए, COVID-19 के बाद पाचन संबंधी समस्याएं, जिनमें कब्ज भी शामिल है, ठीक होने के बाद भी बनी रह सकती हैं। इसे अक्सर 'लॉन्ग कोविड' (Long COVID) के लक्षणों का हिस्सा माना जाता है। यदि कब्ज लंबे समय तक बना रहता है, तो डॉक्टर से परामर्श करना आवश्यक है ताकि इसके अंतर्निहित कारणों का पता लगाया जा सके और उचित उपचार किया जा सके।
प्रोबायोटिक्स, जो जीवित सूक्ष्मजीव होते हैं, आंतों के माइक्रोबायोटा के संतुलन को बेहतर बनाने में मदद कर सकते हैं। कुछ अध्ययनों से पता चला है कि कुछ प्रकार के प्रोबायोटिक्स कब्ज के लक्षणों को कम करने में प्रभावी हो सकते हैं। हालांकि, यह महत्वपूर्ण है कि आप कोई भी नया सप्लीमेंट शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से बात करें, खासकर यदि आप COVID-19 से पीड़ित हैं या ठीक हो रहे हैं।
This section adds practical context and preventive advice to help readers make informed healthcare decisions. It is important to verify symptoms early, consult qualified doctors, and avoid self-medication for persistent health issues.
Maintaining healthy routines, following prescribed treatment plans, and attending regular checkups can improve outcomes. If symptoms worsen or red-flag signs appear, immediate medical evaluation is recommended.
Track symptoms and duration.
Follow diagnosis and treatment from a licensed practitioner.
Review medication side effects with your doctor.
Seek urgent care for severe warning signs.
Visit Hospital
Near You
Experiencing joint pain in Rajpur Sonarpur? Discover how specialist physicians can diagnose and treat your condition effectively.
May 19, 2026
Explore LASIK eye surgery in Motihari. Learn about the procedure, benefits, risks, and find out if you're a candidate for vision correction.
May 19, 2026
Explore paralysis treatment options in Munger. Learn about therapies, rehabilitation, and expert care available to improve recovery and quality of life.
May 18, 2026